जमशेदपुर, झारखंड. भालूबासा मुखी समाज के नेतृत्व में भालूबासा कार्यालय में मुखिया पोरेश मुखी की अध्यक्षता में शोकसभा का आयोजन किया गया. सभा में अखिल भारतीय अनुसूचित जाति मूलवासी संघ के दिवंगत राष्ट्रीय अध्यक्ष महावीर मुखी को मुख्य अतिथि मानवाधिकार सहायता संघ अंतरराष्ट्रीय के सहायक रंजन कारूवा ने उनके तस्वीर पर पुष्प अर्पित करते हुए कहा कि समाज ने प्रेरणा स्रोत, मार्गदर्शक, कर्मठ, सुलझे हुए निष्ठावान सिपाहसलार खो दिया है, जिसकी भरपाई निकट भविष्य में संभव नहीं है. स्व मुखी ने हमारे समाज को निरंतर जागृत करने का प्रयास किये थे. झारखंड, बंगाल, उड़ीसा के अनूसूचित जातियों को अपने हक अधिकार प्राप्ति के लिए बाबा साहेब के तीन मूलमंत्र शिक्षित बनो संगठित हो संघर्ष करो के नारे से अवगत कराये. इस अवसर पर मुखिया पोरेश मुखी ने भी संबोधित करते हुए कहा कि हमारे समाज के लोग छोटे-छोटे टुकड़े में बंटे हुए हैं. हमें एक मंच में आने एवं संकल्प लेने एवं हमारे अशिक्षित महिलाओं को भी स्वयं शिक्षित होने अपने बच्चों को शिक्षित करने की आवश्यकता है. तभी स्व मुखी के प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी. इस अवसर पर परेश कुमार मुखी, गुरूचरण मुखी, राजू बेहरा, हरि मुखी, लक्ष्मण मुखी, मुजिम मुखी, विश्वनाथ मुखी, सतीश मुखी, मोहित मुखी, अजय गुप्ता, कौशल्या मुखी, खुशबू मुखी, बबीता मुखी, पदमा मुखी, गीता मुखी, डोली मुखी, कुणाल मुखी, नवनीत मुखी, टैटू, राजू मुखी, गुरूचरण कारूवा आदि उपस्थित थे.
